जन संदेश (जगदीश पोरवाल )
भवानीमंडी। शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार, तकनीक और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए पीएम श्री सेठ आनन्दीलाल पोद्दार राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, भवानीमंडी ने नई उपलब्धि हासिल की है। विद्यालय अब पूरे क्षेत्र का पहला पूर्णतः आत्मनिर्भर एवं 100 प्रतिशत सौर ऊर्जा संचालित विद्यालय बन गया है।
विद्यालय परिसर में स्थापित 10 किलोवाट क्षमता के अत्याधुनिक सौर ऊर्जा संयंत्र के शुरू होने के साथ ही स्कूल की विद्युत आवश्यकताएं अब स्वच्छ एवं निःशुल्क ऊर्जा से पूरी होने लगी हैं। इस उपलब्धि के पीछे विद्यालय के प्रधानाचार्य मुकेश कुमार गुप्ता का दूरदर्शी नेतृत्व और नवाचार को बढ़ावा देने की सोच प्रमुख रही है।
प्रधानाचार्य के निर्देशन में विद्यालय लगातार नई ऊंचाइयों को छू रहा है और अब यह पूरे क्षेत्र के शैक्षणिक संस्थानों के लिए एक प्रेरणास्रोत बन गया है।
शून्य हुआ बिजली बिल
सौर ऊर्जा संयंत्र के संचालन से विद्यालय का बिजली बिल लगभग शून्य हो गया है। इससे होने वाली बचत को विद्यार्थियों के शैक्षणिक विकास, संसाधनों के विस्तार और आधुनिक सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण पर खर्च किया जाएगा।
स्मार्ट शिक्षा को मिलेगा नया आयाम
निरंतर विद्युत आपूर्ति के कारण विद्यालय के सभी कक्षाएं स्मार्ट लर्निंग के लिए अधिक सक्षम बन गई हैं। डिजिटल शिक्षण सामग्री, प्रोजेक्टर एवं अन्य तकनीकी उपकरणों का उपयोग अब बिना किसी बाधा के किया जा सकेगा।
स्मार्ट लैब और डिजिटल लाइब्रेरी को मिली मजबूती
विद्यालय की स्मार्ट लैब एवं डिजिटल लाइब्रेरी भी अब निर्बाध ऊर्जा आपूर्ति के साथ पूरी क्षमता से संचालित होंगी। इससे विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक आधारित शिक्षा का बेहतर वातावरण मिलेगा।
पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सराहनीय कदम
सौर ऊर्जा के उपयोग से विद्यालय ने कार्बन उत्सर्जन कम करने की दिशा में उल्लेखनीय पहल की है। यह कदम विद्यार्थियों में पर्यावरण संरक्षण और नवीकरणीय ऊर्जा के प्रति जागरूकता बढ़ाने में भी सहायक सिद्ध होगा।
नामांकन बढ़ने की उम्मीद
विद्यालय में उपलब्ध आधुनिक सुविधाओं और तकनीकी संसाधनों को देखते हुए अभिभावकों एवं विद्यार्थियों में उत्साह का माहौल है। स्कूल प्रशासन को उम्मीद है कि वर्तमान शैक्षणिक सत्र में नामांकन में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज होगी।
प्रधानाचार्य मुकेश कुमार गुप्ता ने कहा, “हमारा अगला लक्ष्य विद्यालय को क्षेत्र का सर्वश्रेष्ठ स्मार्ट डिजिटल स्कूल बनाना है।”
विद्यालय की यह उपलब्धि न केवल भवानीमंडी बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए गौरव का विषय है। यह पहल साबित करती है कि सकारात्मक सोच, मजबूत नेतृत्व और आधुनिक तकनीक के समन्वय से सरकारी विद्यालय भी उत्कृष्टता के नए मानक स्थापित कर सकते हैं।

