अपराधियों में खौफ:एसपी अमित कुमार के नेतृत्व में झालावाड़ जिले में बदमाशों की अवैध संपत्तियों पर चल रहा पीला पंजा ।
भवानीमंडी। (जगदीश पोरवाल) झालावाड़ जिले में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और अपराधियों को कड़ा संदेश देने के लिए पुलिस और प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहे हैं। नए पुलिस अधीक्षक (एसपी) अमित कुमार के पदभार संभालने के बाद से जिले में अपराधियों, तस्करों और हिस्ट्रीशीटर बदमाशों के खिलाफ लगातार चौतरफा प्रहार जारी है। पिछले करीब दस महीनों में पुलिस की इस बढ़ती सक्रियता ने न केवल अवैध गतिविधियों की कमर तोड़ दी है, बल्कि अपराधियों में खौफ का माहौल पैदा कर दिया है।
अपराध से अर्जित आलीशान मकान और दुकानें जमींदोज
जिले में संगठित अपराध और आदतन अपराधियों पर नकेल कसने के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत सोमवार को प्रशासन का पीला पंजा बेहद आक्रामक रूप में गर्जा। सुनेल और भवानीमंडी क्षेत्र में पुलिस, सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) और स्थानीय प्रशासन ने भारी पुलिस जाब्ते तथा आरएसी (RAC) के जवानों की मौजूदगी में इस बड़ी ध्वस्तीकरण कार्रवाई को अंजाम दिया। सुबह-सुबह जैसे ही जेसीबी और पोकलेन मशीनें भारी सुरक्षा घेरे के साथ मौके पर पहुंचीं, तो पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।
इस कार्रवाई के मुख्य निशाने पर सुनेल कस्बे के दो नामी अपराधी भाई रहे। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चर्चित डबल मर्डर केस के आरोपी और हार्डकोर अपराधी भेरू उर्फ भैरूलाल गुर्जर तथा उसके भाई बल्लू उर्फ रामलाल गुर्जर के अवैध ठिकानों को पूरी तरह नेस्तनाबूद कर दिया। इन शातिर बदमाशों द्वारा सुनेल-झालरापाटन मुख्य मार्ग पर राजस्थान विद्युत वितरण निगम कार्यालय के बिल्कुल पास सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) की बेशकीमती और करोड़ों रुपये मूल्य की सरकारी भूमि पर लंबे समय से अवैध कब्जा किया हुआ था। इसके साथ ही इलाके के एक अन्य हिस्ट्रीशीटर अर्जुन गुर्जर के अवैध ठिकानों पर भी प्रशासन ने कड़ा प्रहार किया।
कार्रवाई का विस्तृत विवरण: सोमवार अलसुबह ही प्रशासनिक अमला दलबल के साथ मौके पर पहुंचा। किसी भी तरह के विरोध या कानून-व्यवस्था बिगड़ने की स्थिति से निपटने के लिए सुनेल, भवानीमंडी सहित आसपास के कई थानों का पुलिस बल और क्यूआरटी (QRT) की टीमें तैनात की गई थीं। कार्रवाई की शुरुआत होते ही हाईवे के किनारे बने अवैध निर्माणों को ढहाना शुरू किया गया।
अपराधियों ने अपराध और तस्करी की काली कमाई के दम पर सरकारी जमीन पर एक 3 मंजिला आलीशान पक्का मकान, कई व्यावसायिक दुकानें और पीछे बड़ा बाड़ा बना रखा था। भारी मशीनों की मदद से देखते ही देखते इस पूरे आलीशान अवैध साम्राज्य को मलबे के ढेर में तब्दील कर दिया गया। निर्माण इतना मजबूत था कि उसे ढहाने में प्रशासन को काफी मशक्कत करनी पड़ी। मौके पर मौजूद बिजली विभाग की टीम ने सुरक्षा के लिहाज से पहले ही इलाके की बिजली काट दी थी ताकि कोई हादसा न हो।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, मुख्य आरोपी भेरूलाल गुर्जर के खिलाफ हत्या, जानलेवा हमला, रंगदारी, अवैध हथियार (आर्म्स एक्ट) और एनडीपीएस एक्ट सहित 18 से अधिक गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं और वह सुनेल थाने का घोषित हिस्ट्रीशीटर है। सोमवार की इस ताबड़तोड़ कार्रवाई से प्रशासन ने न केवल करोड़ों रुपये मूल्य की सरकारी जमीन को भू-माफियाओं के चंगुल से मुक्त कराया है, बल्कि पूरे जिले के अपराधियों को यह कड़ा संदेश दे दिया है कि अपराध की कमाई से खड़े किए गए अवैध ठिकाने अब सुरक्षित नहीं रहेंगे।
अंतराज्यीय सीमाओं पर बढ़ी चौकसी, MP पुलिस से बेहतर समन्वय
झालावाड़ जिला भौगोलिक दृष्टि से राजस्थान और मध्य प्रदेश की सीमा पर स्थित है। सीमावर्ती क्षेत्र होने के कारण यहां लंबे समय से सीमा पार अपराधों और मादक पदार्थों की तस्करी की चुनौतियां बनी रही हैं। अपराधी अक्सर एक राज्य में वारदात कर दूसरे राज्य की सीमा का फायदा उठाने का प्रयास करते हैं।
हालांकि, वर्तमान में दोनों राज्यों (राजस्थान और मध्य प्रदेश) के सीमावर्ती जिलों में सख्त पुलिस अधिकारियों की तैनाती से यह परिदृश्य बदला है। दोनों राज्यों की पुलिस के बीच बेहतर आपसी समन्वय और सूचनाओं के आदान-प्रदान के कारण अब तस्करों और बदमाशों के खिलाफ संयुक्त व प्रभावी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है।
हर दिन कार्रवाई, थानों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश
जिले के सभी पुलिस थानों को हाई अलर्ट मोड पर रखा गया है। हत्या, फायरिंग, अवैध हथियार, मादक पदार्थों की तस्करी और भू-माफियाओं जैसी गंभीर आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त बदमाशों की कुंडली खंगाली जा रही है। विभिन्न मामलों में लंबे समय से फरार चल रहे वारंटियों और इनामी बदमाशों की धरपकड़ के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। स्थिति यह है कि जिले में शायद ही कोई ऐसा दिन बीतता हो जब किसी बड़ी अवैध गतिविधि या अपराधी के खिलाफ पुलिसिया कार्रवाई देखने को न मिले।
आमजन में बढ़ा विश्वास, राजनीतिक संरक्षण वाले तत्वों पर कार्रवाई अब भी चुनौती
लगातार हो रही इन कठोर और निष्पक्ष कार्रवाइयों से झालावाड़ की जनता में सुरक्षा की भावना मजबूत हुई है और स्थानीय निवासियों ने पुलिस प्रशासन के इस कदम की सराहना की है। आमजन को उम्मीद है कि यदि पुलिस बिना किसी दबाव के इसी तरह निष्पक्षता और दृढ़ता से कार्य करती रही, तो आने वाले समय में जिला पूरी तरह से अपराध मुक्त हो सकेगा

