राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय में गूंजा “सुरक्षित बेटी – स्वस्थ भविष्य” का नारा
झालावाड़, 1 मई 2026: ( जगदीश पोरवाल ) राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय, झालावाड़ में शुक्रवार को स्वास्थ्य जागरूकता की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल हुई। विद्यालय परिसर में 600 छात्राओं ने एक स्वर में “एचपीवी मुक्त झालावाड़” का संकल्प लिया। इस दौरान पूरा परिसर “सुरक्षित बेटी – स्वस्थ भविष्य” के नारों से गूंज उठा।
कार्यक्रम मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. साजिद खान के मार्गदर्शन तथा जिला प्रजनन एवं शिशु स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मुकेश कुमार नागर के निर्देशन में आयोजित किया गया।
‘डर नहीं, जानकारी अपनाइए’
मुख्य वक्ता जिला नोडल अधिकारी डॉ. शुभम गिरिराज पाटीदार ने टीम त्रिलोक नागर के साथ छात्राओं को संबोधित किया। उन्होंने एचपीवी टीकाकरण को लेकर फैली अफवाहों पर प्रहार करते हुए कहा, “डर नहीं, जानकारी अपनाइए — एचपीवी टीका ही बेटियों की सबसे बड़ी सुरक्षा है।” डॉ. पाटीदार ने बताया कि यह टीका पूरी तरह सुरक्षित और प्रभावी है तथा सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से बचाव का सशक्त माध्यम है।
विद्यालय की प्रधानाचार्य वीणा रानी चौहान ने इस पहल को स्वास्थ्य जागरूकता की दिशा में मील का पत्थर बताया। उन्होंने छात्राओं से अफवाहों से दूर रहकर टीकाकरण अपनाने की अपील की।
कार्यशाला के बाद सामूहिक प्रतिज्ञा
कैंसर जागरूकता कार्यशाला के बाद कार्यक्रम का सबसे प्रभावशाली क्षण तब आया जब डॉ. शुभम गिरिराज पाटीदार ने 600 छात्राओं को एक साथ एचपीवी सुरक्षा प्रतिज्ञा दिलाई। बालिकाओं ने खुलकर सवाल पूछे और टीकाकरण के लिए आगे आने का भरोसा दिलाया। जिन छात्राओं ने पहले ही टीका लगवा लिया था, उन्होंने अपना अनुभव साझा किया और बताया कि उन्हें कोई समस्या नहीं हुई। इससे अन्य छात्राओं का विश्वास और बढ़ा।
हीट स्ट्रोक से बचाव की भी तैयारी
कार्यक्रम के दौरान हीट स्ट्रोक से बचाव के लिए भी अनूठी पहल की गई। विद्यालय परिसर में ओआरएस एटीएम स्थापित किया गया, जिससे छात्राओं को आसानी से ओआरएस मिल सके। साथ ही विद्यालय को हीट स्ट्रोक फर्स्ट एड किट सौंपी गई, जिसमें ओआरएस, आइस पैक, ग्लूकोज एवं जरूरी दवाइयां शामिल हैं। छात्राओं को हीट स्ट्रोक से बचाव और प्राथमिक उपचार का लाइव डेमो भी दिया गया, ताकि वे गर्मी में खुद व दूसरों की मदद कर सकें।
मिशन: ‘हर बेटी सुरक्षित, झालावाड़ एचपीवी मुक्त’
कार्यक्रम ने एक स्थानीय आयोजन से बढ़कर जन-आंदोलन का रूप ले लिया। स्वास्थ्य विभाग का लक्ष्य है कि अधिक से अधिक किशोरियों तक टीकाकरण पहुंचे और झालावाड़ को एचपीवी मुक्त जिला बनाया जाए।

