भवानीमंडी, 12 मार्च। हिंदी भाषा के प्रचार-प्रसार और उसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित करने के उद्देश्य से कार्य कर रही अंतरराष्ट्रीय साहित्य अर्पण संस्था द्वारा आयोजित भव्य समारोह में देश-विदेश के हिंदी साहित्यकारों, समाजसेवियों और शिक्षकों को सम्मानित किया गया। इसी क्रम में भवानीमंडी निवासी विपिन उपाध्याय को उनके साहित्यिक योगदान और हिंदी सेवा के लिए प्रतिष्ठित “हिंदी गौरव सम्मान” से सम्मानित किया गया।
यह कार्यक्रम एक प्रकार से हिंदी सेवकों का महाकुंभ साबित हुआ, जिसमें विभिन्न देशों से आए हिंदी प्रेमियों और साहित्यकारों ने भाग लेकर हिंदी भाषा के वैश्विक प्रसार पर अपने विचार साझा किए। समारोह में विपिन उपाध्याय को सम्मानित किए जाने से क्षेत्र में खुशी का माहौल रहा।
उल्लेखनीय है कि विपिन उपाध्याय सामाजिक और स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में भी सक्रिय रहे हैं। इससे पूर्व उन्हें दिल्ली की परिवर्तन योगेश संस्था द्वारा “राष्ट्र गौरव सम्मान” तथा कोटा की संगम अकादमी एवं पब्लिकेशन संस्था द्वारा “राष्ट्रीय सेवा सम्मान” से भी सम्मानित किया जा चुका है।
इसके अलावा वर्ष 2025 में भी उन्हें हिंदी साहित्य के क्षेत्र में योगदान के लिए हिंदी गौरव सम्मान प्रदान किया गया था। लगातार मिल रहे सम्मानों से न केवल उनका उत्साह बढ़ा है, बल्कि क्षेत्र के युवाओं को भी हिंदी साहित्य और समाजसेवा के लिए प्रेरणा मिल रही है।
विपिन उपाध्याय को यह सम्मान मिलने पर उनके मित्रों, रिश्तेदारों और शुभचिंतकों ने हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई दी तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

