खराबी पर सीधे टोल फ्री से शिकायत, दो दिन में स्टाफ को दिया हैंड्स-ऑन प्रशिक्षण
झालावाड़ (जगदीश पोरवाल)। जिले के सरकारी अस्पतालों में अब बायोमेडिकल उपकरणों की देखरेख और मरम्मत व्यवस्था और मजबूत होगी। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. साजिद खान की अध्यक्षता में आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला में जिला अस्पताल, उप जिला अस्पताल, सीएचसी व पीएचसी के स्टोर प्रभारियों, नर्सिंग ऑफिसर्स, लैब टेक्नीशियन, रेडियोग्राफर और तकनीकी स्टाफ को 593 प्रकार के उपकरणों के रख-रखाव का प्रशिक्षण दिया गया।
ई -उपकरण सॉफ्टवेयर पर फोकस
प्रशिक्षण के दौरान राज्य सरकार के ई-उपकरण सॉफ्टवेयर में उपकरणों का इंद्राज, वेरिफिकेशन और खराबी की ऑनलाइन रिपोर्टिंग की प्रक्रिया समझाई गई। बताया गया कि किसी भी मशीन में खराबी आने पर संबंधित सेवा प्रदाता को टोल फ्री नंबर पर सूचना देकर शीघ्र मरम्मत करवाई जा सकेगी।
दो बैच में हुआ प्रशिक्षण
सेवा प्रदाता कंपनी KTPL टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड ने 24 व 25 फरवरी 2026 को दो अलग-अलग बैचों में प्रशिक्षण दिया। संयुक्त निदेशक कार्यालय से अनुराग शर्मा, मेडिकल कॉलेज के बायोमेडिकल इंजीनियर सुभाष पाटीदार सहित कंपनी के प्रशिक्षक और विशेषज्ञ इंजीनियर मौजूद रहे।
मरीजों को मिलेगा सीधा लाभ
जिला कार्यक्रम प्रबंधक प्रभूलाल लोधा ने कहा कि कई बार उपकरण खराब होने से मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। इस प्रशिक्षण से स्टाफ स्वयं प्राथमिक स्तर पर रख-रखाव कर सकेगा और जरूरत पड़ने पर तुरंत सेवा प्रदाता से संपर्क कर मरम्मत सुनिश्चित करेगा।
स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि इस पहल से जिले की चिकित्सा सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार होगा और मरीजों को समय पर जांच व उपचार की सुविधा मिल

