भैसोदामंडी । ‘ऑपरेशन मुस्कान’ के तहत थाना भानपुरा अंतर्गत पुलिस चौकी भैसोदामंडी की टीम ने तकनीकी कुशलता और तत्परता दिखाते हुए 13 वर्षीय अपहृत नाबालिग बालक को महज 11 घंटे के भीतर समीप के भवानीमंडी से सकुशल दस्तयाब कर उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
क्या था मामला?
21 सितंबर 2026 की रात्रि में फरियादी ने अपने 13 वर्षीय नाबालिग बेटे के अचानक लापता/अपहृत होने की रिपोर्ट थाना भानपुरा में दर्ज कराई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 137(2) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की।
मुखबिरों की ली मदद
पुलिस अधीक्षक श्री विनोद कुमार मीना के निर्देशों तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गरोठ श्री रामसनेही मिश्रा व एसडीओपी गरोठ श्री विजय कुमार यादव के मार्गदर्शन में विशेष टीम का गठन किया गया। भानपुरा थाना प्रभारी उप निरीक्षक विनय बुंदेला और भैसोदामंडी चौकी प्रभारी उप निरीक्षक धर्मेश यादव की अगुवाई में टीम ने घटनास्थल और आसपास के संभावित रूटों पर जांच शुरू की।
40 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले
पुलिस टीम ने व्यावसायिक एवं तकनीकी कौशल का परिचय देते हुए 40 से अधिक CCTV कैमरों के फुटेज खंगाले और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया। सतत निगरानी और त्वरित सुरागों के आधार पर बालक की लोकेशन भवानीमंडी बॉर्डर (राजस्थान) के पास पाई गई, जहां से पुलिस ने बालक को सकुशल बरामद कर परिजनों के हवाले किया। बालक को सही-सलामत पाकर परिजनों ने पुलिस प्रशासन का आभार व्यक्त किया।
इनकी रही सराहनीय भूमिका
इस त्वरित सफलता और सराहनीय कार्य में थाना प्रभारी भानपुरा उनि विनय बुंदेला, चौकी प्रभारी भैसोदामंडी उनि धर्मेश यादव, उनि ओंकार सिंह ठाकुर तथा आरक्षक बहादुर भूरिया का विशेष योगदान रहा।
