जगदीश पोरवाल
पांच राज्यों के चुनाव संपन्न होने के बाद अब एग्जिट पोलों की बाढ़ ने राजनीतिक माहौल को पूरी तरह गर्मा दिया है। विभिन्न न्यूज चैनलों और एजेंसियों द्वारा जारी करीब एक दर्जन एग्जिट पोलों ने आमजन से लेकर राजनीतिक दलों तक में उत्सुकता और असमंजस दोनों पैदा कर दिए हैं।
किस एग्जिट पोल पर भरोसा किया जाए और किसे नजरअंदाज किया जाए,
यह आम आदमी के लिए बड़ी उलझन बन गया है। वहीं दूसरी ओर जिस राजनीतिक दल के पक्ष में एग्जिट पोल दिखाई दे रहे हैं, वहां परिणाम आने से पहले ही जश्न का माहौल बनने लगा है। समर्थक मिठाइयां बांटने और जीत के दावे करने में जुट गए हैं।
इतने एग्जिट पोलों में से एक में एक तो चुनाव परिणाम के करीब रहता ही है और बाद में वह एग्जिट पोल वाली कंपनी उसको माध्यम बनाकर अपनी दुकानदारी चला लेती है ।
एग्जिट पोलों की भीड़ में सही कौन सा है।”
इसी स्थिति पर प्रसिद्ध कार्टूनिस्ट अशोक ने अपनी कूची के माध्यम से तीखा लेकिन रोचक व्यंग्य प्रस्तुत किया है। उनके कार्टून में एक व्यक्ति टीवी रिपोर्टर से कहता नजर आता है कि “चुनाव परिणाम छोड़ो, पहले यह एग्जिट पोल करो कि इतने एग्जिट पोलों की भीड़ में सही कौन सा है।”
कार्टून सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और लोग इसे मौजूदा राजनीतिक माहौल पर सटीक टिप्पणी बता रहे हैं। चुनाव परिणाम आने तक एग्जिट पोलों को लेकर जारी चर्चाओं और दावों के बीच यह व्यंग्य लोगों को मुस्कुराने के साथ सोचने पर भी मजबूर कर रहा है।

