झालावाड़, 27 फरवरी। ( जगदीश पोरवाल ) होली के पावन पर्व पर मिलावट और केमिकल युक्त रंगों से बचाव के लिए जिला प्रशासन ने आमजन को शुद्धता और सुरक्षा का तोहफा दिया है। शुक्रवार को मिनी सचिवालय के मुख्य द्वार पर झालावाड़ सहकारी उपभोक्ता होलसेल भंडार लिमिटेड द्वारा संचालित स्टॉल का शुभारंभ जिला कलक्टर अजय सिंह राठौड़ एवं पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने फीता काटकर किया।
परंपरागत मिठाइयों को बढ़ावा देने की पहल
जिला कलक्टर ने कहा कि जिले में पारंपरिक स्थानीय मिठाइयों का चलन लगभग समाप्त होता जा रहा है। इसे पुनर्जीवित करने और आमजन को शुद्ध देशी घी से बनी मिठाइयां उपलब्ध कराने के उद्देश्य से यह पहल की गई है। प्रशासन द्वारा दीपावली और होली पर पिछले दो वर्षों से इस तरह के स्टॉल लगाए जा रहे हैं, जिन्हें जनता की सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली है।
सरस के शुद्ध देशी घी से तैयार मिठाइयां
स्टॉल पर उपलब्ध सभी मिठाइयां सरस के शुद्ध देशी घी से निर्मित हैं। इनमें शामिल हैं—
मोतीचूर के लड्डू – ₹360 प्रति किलोग्राम
बेसन के लड्डू – ₹360 प्रति किलोग्राम
बेसन चक्की – ₹320 प्रति किलोग्राम
मठरी – ₹260 प्रति किलोग्राम
मक्खन वड़ा – ₹400 प्रति किलोग्राम
इसके अलावा 500 ग्राम का गिफ्ट पैक भी उपलब्ध है, जिसमें सभी प्रकार की मिठाइयां सम्मिलित हैं। इसकी कीमत ₹175 प्रति नग निर्धारित की गई है।
राजसखी’ हर्बल गुलाल से सुरक्षित होली
स्टॉल पर राजीविका के स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं द्वारा तैयार ‘राजसखी’ झालावाड़ी हर्बल गुलाल भी उपलब्ध है। यह गुलाल 100 प्रतिशत प्राकृतिक अवयवों से निर्मित, त्वचा के अनुकूल और हानिकारक रसायनों से मुक्त है।
यह गुलाल हरे, पीले, गुलाबी एवं ऑरेंज रंग में उपलब्ध है। एक सेट में चारों रंगों के 100-100 ग्राम के पैकेट शामिल हैं, जिसकी कीमत ₹100 निर्धारित की गई है।
अधिक से अधिक लोग लें लाभ
जिला प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि इस वर्ष होली पर शुद्ध मिठाइयों और हर्बल गुलाल का उपयोग करें तथा स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा दें।
इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भागचंद मीणा, उपभोक्ता होलसेल भंडार के महाप्रबंधक जयदीप सिंह हाड़ा सहित अन्य अधिकारी उपस्थित


