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भवानीमंडी उपखंड अधिकारी को ज्ञापन सौंपकर 15 दिन में भुगतान की मांग
भवानीमंडी, 24 जून 2026 ( जनसंदेश )
भारतीय किसान संघ (चित्तौड़ प्रान्त, जिला झालावाड़) ने बुधवार को भवानी मंडी उपखंड अधिकारी (SDM) को मुख्यमंत्री व कृषि मंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपकर खरीफ 2025 की फसल बीमा क्लेम राशि 12% ब्याज सहित और शेष मुआवजा राशि तुरंत दिलाने की पुरजोर मांग की है।
संघ के तहसील मंत्री ने बताया कि खरीफ 2025 में पचपहाड़ तहसील में भारी अतिवृष्टि के कारण किसानों की फसलें 70 प्रतिशत तक तबाह हो गई थीं। मौके पर पटवारी और कृषि पर्यवेक्षक स्तर पर पंचनामा भी तैयार किया जा चुका है। इसके बावजूद, राजस्व व कृषि विभाग की घोर लापरवाही के चलते पोर्टल पर केवल 36 प्रतिशत ही खराबा दर्शाया जा रहा है। आंकड़ों की इस बड़ी बाजीगरी के कारण क्षेत्र के हजारों किसान अपने वास्तविक क्लेम से वंचित हो रहे हैं।
किसान संघ की प्रमुख मांगें:
- पोर्टल के आंकड़े सुधारे जाएं: धरातल पर हुए 70% वास्तविक खराबे के अनुसार ऑनलाइन पोर्टल पर तुरंत संशोधन करवाया जाए।
- 12% ब्याज सहित मिले क्लेम: माननीय कृषि मंत्री की घोषणा के अनुसार, समस्त पात्र किसानों का बीमा क्लेम 12 प्रतिशत ब्याज के साथ 15 दिन के भीतर सीधे बैंक खातों में जमा हो।
- शेष मुआवजे का भुगतान: पूर्व में स्वीकृत मुआवजा राशि जो तकनीकी या अन्य कारणों से कई किसानों को अब तक नहीं मिली है, उसका अति शीघ्र भुगतान किया जाए।
- दोषियों पर हो कार्रवाई: राजस्व विभाग, कृषि विभाग और बीमा कंपनी के मूल दस्तावेजों को मंगवाकर क्रॉस चेकिंग (जांच) की जाए तथा लापरवाही बरतने वाले दोषी अधिकारियों व कर्मचारियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई हो।
बुवाई सिर पर, आर्थिक संकट में किसान
किसान नेताओं ने कहा कि आगामी खरीफ की बुवाई का समय बेहद नजदीक आ चुका है, लेकिन क्लेम न मिलने से किसानों की आर्थिक स्थिति अत्यंत दयनीय बनी हुई है। किसानों के पास बीज, खाद और डीजल खरीदने तक के लिए पूंजी नहीं बची है। बड़ी विडंबना है कि जिले की अन्य तहसीलों में 50 से 60 प्रतिशत तक क्लेम पारित होकर भुगतान हो चुका है, जबकि पचपहाड़ तहसील में सबसे अधिक खराबा होने के बावजूद भुगतान को लटका कर रखा गया है।
15 दिन का अल्टीमेटम, उग्र आंदोलन की चेतावनी
किसान संघ ने प्रशासन को दो टूक चेतावनी दी है कि यदि अगले 15 दिनों के भीतर किसानों की इन जायज समस्याओं का समाधान कर भुगतान नहीं किया गया, तो क्षेत्र का अन्नदाता उग्र आंदोलन के लिए मजबूर होगा, जिसकी समस्त जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
ये रहे मौजूद:
ज्ञापन सौंपने के दौरान संघ के बालकिशन पाटीदार, बाबूलाल पाटीदार, तहसील मंत्री गोपाल पाटीदार, भरतराम पाटीदार, भूपेंद्र सिंह, नारायण पाटीदार, जगदीश पाटीदार और दिनेश पाटीदार सहित बड़ी संख्या में किसान व कार्यकर्ता मौजूद रहे। यह पूरी जानकारी प्रचार प्रमुख पवन पाटीदार द्वारा दी गई।
