भवानीमंडी (झालावाड़)। राजस्थान पुलिस की अपराध और साइबर ठगों के खिलाफ जारी मुहिम के तहत झालावाड़ पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। भवानीमंडी थाना पुलिस ने साइबर धोखाधड़ी (साइबर फ्रॉड) के मामले में पिछले 3 महीनों से फरार चल रहे मुख्य आरोपी सैयद शाहनवाज अली को गिरफ्तार कर लिया है। इस मामले में अब तक कुल 13 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
करोड़ों रुपये के अवैध लेन-देन का खुलासा
पुलिस जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार किए गए आरोपी सैयद शाहनवाज अली के ‘म्यूल बैंक खातों’ (धोखाधड़ी के पैसे ट्रांसफर करने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले फर्जी खाते) के जरिए बड़े पैमाने पर अवैध लेन-देन किया गया। जांच में इन खातों से कुल 1 करोड़ 42 लाख 42 हजार 164 रुपये की भारी-भरकम राशि के लेन-देन (ट्रांजैक्शन) का खुलासा हुआ है।
विशेष टीम ने की कार्रवाई
जिला पुलिस अधीक्षक (SP) श्री अमित कुमार के निर्देशानुसार जिले में बढ़ रहे साइबर और ऑनलाइन धोखाधड़ी के अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए एक विशेष अभियान ‘म्यूल हंटर’ चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत भवानीमंडी थानाधिकारी प्रमोद कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया था। इस टीम ने तकनीकी विश्लेषण और खुफिया इनपुट्स के आधार पर 3 महीने से फरार चल रहे आरोपी को धर दबोचा।
यह था पूरा मामला (घटना विवरण)
पुलिस के अनुसार, 9 अप्रैल 2026 को भवानीमंडी थाना पुलिस को एक गोपनीय सूचना मिली थी कि क्षेत्र में ललित राणा नामक व्यक्ति के बैंक खातों का उपयोग कर बड़े पैमाने पर साइबर धोखाधड़ी को अंजाम दिया जा रहा है। तकनीकी विश्लेषण में पाया गया कि ललित राणा के भारतीय स्टेट बैंक (SBI) की भवानीमंडी शाखा के खाते का उपयोग साइबर फ्रॉड के लिए किया जा रहा था। इस पर पुलिस ने धारा 318(4), 316(2) बी.एन.एस. 2023 और धारा 66डी आईटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
आरोपी का विवरण
गिरफ्तार किए गए मुख्य आरोपी की पहचान सैयद शाहनवाज अली (उम्र 37 वर्ष) पुत्र श्री सैयद मसूद अली के रूप में हुई है, जो अंजुमन स्कूल के पास, पचपहाड़, थाना भवानीमंडी (जिला झालावाड़) का निवासी है।
पुलिस टीम में ये रहे शामिल
इस सफल कार्रवाई को अंजाम देने वाली गठित टीम में थानाधिकारी श्री प्रमोद कुमार के साथ कानि. तेजेन्द्र सिंह (1379), कानि. हरिराम सैनी (1258), कानि. विकास (285) और कानि. महेश कुमार (1380) शामिल रहे। पुलिस अधीक्षक झालावाड़ और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री भागचंद मीणा भवानीमंडी वृता अधिकारी सत्यनारायण गोदारा के मार्गदर्शन में इस पूरी कार्रवाई की निगरानी की गई।
